Honda ने भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में अपनी स्थिति को और मजबूत करने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने 2030 तक 10 नए मॉडल्स लॉन्च करने की योजना बनाई है। यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड गाड़ियों की मांग तेजी से बढ़ रही है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य Honda की बिक्री और मार्केट शेयर को बढ़ाना है, खासकर जब प्रतिस्पर्धा काफी बढ़ गई है।
आइए जानते हैं इस प्लान में क्या-क्या शामिल है और यह भारतीय बाजार में कितनी महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
Quick Highlights
- Honda 2030 तक 10 नए मॉडल्स लॉन्च करेगी।
- पहला मॉडल Prelude, एक हाइब्रिड स्पोर्ट्स कूप है।
- ZR-V, एक नई SUV, 2026 में आएगी।
- 0 Alpha, Honda का पहला EV, 2027 में लॉन्च होगा।
- नई City और Elevate का फेसलिफ्ट भी आएगा।
मुख्य जानकारी
Honda ने एक विशेष टीम गठित की है जो भारत में नए मॉडल्स की लॉन्चिंग पर ध्यान केंद्रित करेगी। 2026 से 2030 के बीच, कंपनी हाइब्रिड और इलेक्ट्रिक गाड़ियों की एक नई रेंज पेश करने जा रही है। पहला मॉडल Prelude होगा, जो कि Civic Coupe का विकल्प होगा। इसकी कीमत ₹70-80 लाख (ex-showroom) रहने की संभावना है। Prelude में 2.0L हाइब्रिड इंजन होगा, जो 0 से 100 किमी/घंटा की रफ्तार 8.2 सेकंड में पकड़ लेगा।
डिज़ाइन और फीचर्स
Prelude और ZR-V दोनों में एक ही हाइब्रिड पावरट्रेन होगा। ZR-V, जो VW Tiguan का प्रतिद्वंदी है, को जापान से इम्पोर्ट किया जाएगा। इसकी कीमत ₹50-55 लाख (ex-showroom) के आसपास होगी। ZR-V की स्पीड 0 से 100 किमी/घंटा 7.8 सेकंड में पहुंच जाती है और इसकी अधिकतम स्पीड 173 किमी/घंटा है।
इंजन, परफॉर्मेंस और माइलेज
Prelude और ZR-V दोनों हाइब्रिड इंजन के साथ आएंगे। इन्हें WLTC में क्रमशः 23.6 km/l और 22.1 km/l का माइलेज मिलेगा।
मार्केट ट्रेंड और कम्पटीशन
Honda की यह योजना भारतीय बाजार में EV और हाइब्रिड गाड़ियों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए बनाई गई है। Hyundai Creta Electric जैसे प्रतिद्वंद्वियों का सामना करने के लिए 0 Alpha EV को लॉन्च किया जाएगा। इस प्रतिस्पर्धा को देखते हुए, Honda को अपनी रणनीतियों को और भी मजबूत करना होगा।
खरीदारों के लिए इसका मतलब
Honda की नई योजनाएँ भारतीय खरीदारों के लिए कई विकल्प लाएंगी। हाइब्रिड और EV मॉडल्स की बढ़ती रेंज से खरीदारों को बेहतर और ईको-फ्रेंडली गाड़ियों का विकल्प मिलेगा। इसके अलावा, नए मॉडल्स की तकनीक और फीचर्स भी ग्राहकों को आकर्षित करेंगे।
निष्कर्ष और आगे की दिशा
Honda का यह बड़ा कदम भारतीय ऑटोमोबाइल मार्केट में उसकी स्थिति को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। नए मॉडल्स के साथ, कंपनी भारतीय ग्राहकों को नई तकनीक और बेहतर विकल्प प्रदान करने की कोशिश कर रही है। आने वाले वर्षों में Honda की यह रणनीति निश्चित रूप से उसके मार्केट शेयर को बढ़ाने में मदद करेगी।
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